वैश्वीकरण के दौर में बदलता समाज, बदलते रिश्ते और अपनी पहचान की खोज: युवाओं, किशोरों, अभिभावकों, शिक्षकों और समाज के लिए एक मनोवैज्ञानिक दृष्टिकोण
प्रस्तावना हम ऐसे समय में जी रहे हैं जब दुनिया पहले से कहीं ज्यादा जुड़ गई है। इंटरनेट, सोशल मीडिया, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), आधुनिक शिक्षा, वैश्विक व्यापार और तेज़ संचार ने दूरियाँ लगभग खत्म कर दी हैं। इसी बदलाव को वैश्वीकरण कहा जाता है। इससे हमें ज्ञान, रोजगार, तकनीक और विकास के अनेक नए अवसर … Read more